
आह जिन्दगी !!
तू क्यूँ बदल जाती है?
एक पल में!
वो था मेरे साथ यही कही!
मिलकर गाते थे यही कही!!
क्यूँकर समझे दुनिया प्रेम!!!
बिछुड़ मरते प्रेमी !
एक पल में


अभी तो खिला था यह़ी कही

खुसबू थी उसकी यही कही!!
क्यूँ कर बन गया धुल का फूल!!!
चमन का फूल!
एक पल में
निकला था आसमान में यही कही!

चमका था अभी यही कही!!
क्यूँकर छूटा वो प्यारा!!!
असमान का तारा!
एक पल में
आह जिन्दगी !!!!
तू क्यूँ बदल जाती है?
एक पल में

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